रिपोर्ट ब्रह्मानंद चौधरी ब्यूरो चीफ हरिद्वार के साथ में रुड़की से इरफान अहमद की रिपोर्ट

रुड़की मंगलौर नगर पालिका में मीट कारोबारियों की समस्या को लेकर एक बैठक हुई जिसमें नगर विधायक , पूर्व चैयरमेन उनके समर्थक , दूसरी ओर से नगर पालिका अध्यक्ष , उनके प्रतिनिधि व उनके समर्थक आमने सामने बैठ गए । देखने व सुनने से ऐसा नही लगा कि बैठक समस्या को निपटाने के लिए नही बल्कि एक दूसरे को नीचा दिखाने के लिए आयोजित की गयी हो दर्शकों को भी नेता साथ लेकर आये और सभासद भी दर्शक बने
 रहे।

आपस मे उलझते नेताओ के समर्थक।
नगर पालिका के इतिहास में ये ऐसी बैठक रही जो नेताओ की बयानबाजी पर समर्थकों की तालियों पर गूंज रही थी । जनता के द्वारानगर पालिका में भेजे गए सभासद अपने अपने नेताओ की बयान बाज़ी पर तालियां बजा रहे थे । बैठक का नतीजा कुछ नही निकला । जिनकी समस्या के लिए बैठक थी उन्हें सिर्फ नतीजे के तौर पर एक सुपरहिट फिल्म दिखा दी गयी ।

विधायक काजी निजामुद्दीन अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ नगर पालिका कार्यालय पहुंचे उधर पालिकाध्यक्ष हाजी दिलशाद अहमद व उनके प्रतिनिधि डॉक्टर शमशाद भी अपने समर्थकों के साथ पालिका सभागार में पहुंच गए दोनों नेताओं के बीच वार्ता शुरू हुई विधायक काजी निजामुद्दीन का कहना था कि नगरपालिका क्षमता के अनुसार स्लाटर हाउस बनाए जाने की प्रक्रिया शुरू करें जो भी सहयोग उनसे होगा वह करने के लिए तैयार है।  इस पर पालिकाध्यक्ष हाजी दिलशाद अहमद ने उन्हें बताया कि सबसे पहले जो स्लॉटरहाउस पीपी मोड़ पर बनाया जा रहा है उसके निरस्तीकरण की कार्रवाई शासन स्तर पर कराएं उसके बाद ही नगरपालिका स्लाटर हाउस बना सकती है। विधायक निजामुद्दीन ने पालिकाध्यक्ष व अधिशासी अधिकारी को बताया कि नगरपालिका अधिनियम में कहीं भी ऐसा नहीं लिखा है कि एक स्लाटर हाउस के होते दूसरा स्लॉटरहाउस नहीं बन सकता है उन्होंने कहा कि वह छोटा स्लॉटरहाउस बनाए जाने की प्रक्रिया शुरू करें ताकि मीट व्यापारियों को रोजगार उपलब्ध हो सके इस पर पालिका अध्यक्ष ने कहा कि मीट व्यापारियों के विरोधी नहीं है।  उनके कारोबार के लिए जो भी उनसे हो सकता है वह करेंगे लेकिन जो अनुबंध नगर पालिका द्वारा पीपी मोड पर बन रहे स्लाटर हाउस की कंपनी से किया गया है उसको शासन ही निरस्त कर सकता है और जब तक शासन उसको निरस्त नहीं करेगा तब तक नया स्लॉटरहाउस बनने की कोई भी वजह नहीं हो सकती। घंटों चली वार्ता के दौरान कोई भी समस्या का हल निकलता नजर नहीं आया जिसके बाद विधायक यह कहकर चले गये कि पालिका सदन में प्रस्ताव लाया जाये तथा उसके बाद जो भी मदद उनसे होगी वह करेंगे लेकिन इस बात से न तो नगर पालिका अध्यक्ष संतुष्ट हुए नहीं मीट व्यापारी मीट व्यापारियों का कहना था कि उन्हें हर हाल में दुकान चलाने के लिए लाइसेंस उपलब्ध कराई जाएं।
Share To:

Post A Comment: