कलछीना टाईम्स 
मोदीनगर हसन खान । निष्काम सेवक जत्थे की तरफ़ से कोरोना वायरस की रहस्यमयी आपदा को लेकर निष्काम राहत रसोई की शुरुआत की गई । जिसमें मोदीनगर में लाॅकडाउन के कारण बेहद कठिन परिस्थिति में आ चुके लोंगों को लंगर तैयार कर उनके पास तक पंहुचानें की मुहिम शुरू की गई है। संस्था के अध्यक्ष जसमीत सिंह ने बताया कि सोशल मीडिया, टीवी चैनल, मोदीनगर प्रशासन, पत्रकार बंधुओं व अन्य जागरूक वयक्तिओं के माध्यम से लगातार लोंगों को इस रहस्यमय बीमारी से जूझते होनें का पता चला तो उसके फौरन बाद निष्काम सेवक जत्थे नें पुरी सुरक्षा और सावधानी से इस सेवा के लिए आगे बढनें का निर्णय लिया..निर्णय करते हुए निष्काम परिवार नें कम्यूनिटी सेन्टर गोविन्दपुरी में निष्काम राहत रसोई की शुरुआत की जिसको आज एक सप्ताह पुरा हो गया।

इस अभियान में सर्वप्रथम अलग-अलग क्षेत्रों में निष्काम सदस्यों द्वारा सर्वे करा वास्तव में मजबूर लोगों को निष्काम रसोई से जोङा गया। प्रतिदिन दोपहर और शाम को लंगर तैयार कर निष्काम सदस्यों द्वारा जरूरतमंद लोगों को घर-घर तक पंहुचाया जाता है। निष्काम राहत रसोई में सभी खाद्य सामग्री उच्च क्वालिटी की इस्तेमाल की जाती है। निष्काम धर्म प्रचार कमेटी के प्रधान अरविंद सिंह के अनुसार 28 मार्च से शुरू हुई निष्काम रसोई में प्रतिदि लगभग आठ सौ से हजार जरूरतमंद लोगों को लिए दोपहर और रात्रि का लंगर उनकी संस्था के सदस्यों द्वारा स्वयं तैयार करनें के पश्चात अलग-अलग 10 टीम बना कर मोदीनगर के हाइवे पर परेशान घूम रहें लोगों, जगत् पुरी, चुना भट्टी, लंकापुरी, बिसोखर, कादरबाद, मानवता पुरी, ई लाईन, डबल स्टोरी, बस अङा, रेलवे स्टेशन, श्याम सिंह बिल्डिंग,सीकरी कलां, निवाङी रोङ, सहित तमाम मलिन बस्तियों तक पंहुचाया जाते है।

28 मार्च से शुरू हुई यह सेवा लाॅकडाउन की अवधि समाप्त होनें तक जारी रहेगी। जसमीत सिंह के अनुसार यह निष्काम राहत रसोई बिना किसी सरकारी मदद् के पूर्ण रूप से निष्काम संस्था द्वारा संचालित की जा रही है इस पुण्य कार्य में कभी-कभी कई दानवीर परिवारों का भी सहयोग मिल जाता है। बकौल जसमीत सिंह इस बङी मुहिम और परेशानी में आये लोगों की अत्यधिक संख्या को देखते हुए उन्होंने अपनें साथ'साथ दस अन्य हेल्पलाइन नम्बर भी तत्काल मदद् मुहैया करानें के लिए जारी किये हैं। इस दौरान निष्काम सदस्यों द्वारा भीङ को नियंत्रित कर उनके हाथों को सेनिटाइजर करा कर ही लंगर दिया जाता है। संस्था का नेतृत्व कर रहे जसमीत सिंह का कहना है कि उत्तर प्रदेश सरकार को प्रदेश भर में काम कर रहें एनजीओ के सदस्यों का भी रिकार्ड सरकारी विभाग में भी दर्ज करना चाहिए।
इस मुहिम को सफ़ल बनानें में जसदीप सिंह , मोन्टू छाबङा, सचिन चचङा, अमरनाथ, विनय चौहान, जितेन्द्र सिंह, प्रमोद कुमार, सोनू धवन, मंजीत बिन्द्रा, जसपाल आहुजा, अरूण सचदेवा, ज्ञानी रविन्द्र सिंह, अनुप्रीत कौर, राजन चचङा, सुनील भूटानी, अंशुल भसीन, बबलू, गुरमीत बब्बा, जगमोहन सिंह, विक्रमजीत सिंह, नवदीप सिंह, हरसिमर सिंह, गौरव जगपाल, मनीष अरोङा, राहुल बाबा, मोहित जस्सी, सहित अन्य निष्काम सदस्य सराहनीय भूमिका निभा रहे हैं।
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